केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने परीक्षा को लेकर किया बड़ा एलान

Ashu Yadav
Informative
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की जरूरी घोषणा

कोरोना वायरस संकट के कारण हजारों बच्चे अपने गृह प्रदेश में चले गए थे और ऐसी स्थिति में सीबीएसई 10वीं एवं 12वीं बोर्ड परीक्षाओं में शामिल हो रहे विद्यार्थियों की समस्या को ध्यान में रखते हुए मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की पेंडिंग परीक्षाएं देने वाले स्टूडेंट्स के लिए एक बड़ी और जरूरी घोषणा की है.

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने यह फैसला लिया है कि ऐसे विद्यार्थी जो लॉकडाउन के दौरान दूसरे राज्य या जिलों में चले गए हैं वे वहीं रहकर अपनी बोर्ड की परीक्षाएं दे सकते हैं और इसी के साथ छात्रों को परीक्षा देने के लिये बोर्ड द्वारा पूर्व में निर्धारित किए गये परीक्षा केंद्र आने की जरूरत नहीं पड़ेगी और इस बारे में छात्रों को अनुरोध पंजीकृत कराने के लिये सीबीएसई रूपरेखा की घोषणा करेगा.

मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा हैं कि कोविड-19 के कारण स्कूल बंद होने और फिर 25 मार्च से राष्ट्रव्यापी लाकडाउन लागू के कारण परीक्षा स्थगित कर दी गई थी और अब यह परीक्षा 1 से 15 जुलाई के बीच होगी. हैं और सीबीएसई ने परीक्षाओं का शेड्यूल भी जारी कर दिया गया है.

केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने बुधवार शाम करीब 5.30 बजे वेबिनार के जरिए ये घोषणा की है और फिर अपने ट्वीट में लिखा है कि कोविड-19 संकट के कारण हजारों बच्चे अपने गृह प्रदेश में चले गए थे, ऐसी स्थिति में सीबीएसई की बोर्ड परीक्षाओं में शामिल हो रहे विद्यार्थियों की समस्या को ध्यान में रखते हुए CBSE ने यह फैसला लिया है कि ऐसे विद्यार्थी अपनी बोर्ड परीक्षा अपने गृह जिले में ही दे सकते हैं.
इसके लिए जून के पहले सप्ताह में आपको अपने स्कूल से संपर्क करना होगा. तभी आपको पता चल जाएगा कि आपके आसपास किस जनपद में परीक्षा होगी.

इससे पहले, मंत्री ने घोषणा की थी कि CBSE अपनी कक्षा X और XII की बोर्ड परीक्षा में बैठने वाले छात्रों को उनकी पसंद का केंद्र बनाने के लिए परीक्षा केंद्रों की संख्या 3,000 से बढ़ाकर 13,000 कर देगा. निशंक ने जानकारी देते हुए बताया 661 आवासीय विद्यालय, जवाहर नवोदय विद्यालय, मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा संचालित हैं, जिनमें से अधिकांश ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित हैं, ऐसे में अपने छात्रों के लिए स्कूलों को वायरस सुरक्षा से जुड़ी व्यवस्था करनी होगी.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

रायबरेली विधायक अदिति सिंह ने दिए कांग्रेस छोड़ने के संकेत, बेकार जा सकती है प्रियंका वाड्रा की मेहनत

कुछ दिन से अदिति सिंह और कांग्रेस पार्टी में दूरियां बढ़ती जा रहीं हैं, आइए निम्न बिंदुओं में क्रोनोलॉजी समझते हैं-

You May Like