मोदी कैबिनेट ने लिए 6अहम फैसले,किसानों से लेकर देश में निवेश तक

Ashu Yadav

कोरोना वायरस संकट के बीच आज फिर एक बार केंद्रीय कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक हुई जिसमें आत्मनिर्भर भारत पैकेज के तहत कई घोषणाओं पर आज मुहर लगा दी गयी.इस बैठक में किसान और देश में निवेश को लेकर कई अहम फैसले लिए गए हैं.केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में सरकार ने कुल 6 फैसले लिए हैं जिसमें से तीन किसानों के लिए हैं.

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कैबिनेट ने लिए 6 अहम फैसले

कोरोना वायरस संकट के बीच आज फिर एक बार केंद्रीय कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक हुई जिसमें आत्मनिर्भर भारत पैकेज के तहत कई घोषणाओं पर आज मुहर लगा दी गयी.इस बैठक में किसान और देश में निवेश को लेकर कई अहम फैसले लिए गए हैं.केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में सरकार ने कुल 6 फैसले लिए हैं जिसमें से तीन किसानों के लिए हैं.

इसके साथ देश में निवेश आकर्षित करने के लिए भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं और दो निर्णय अलग से भी हुए हैं.

केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने सभी फैसलों की बारी-बारी से जानकारी दी:-

पहला:- किसान कहीं भी उत्पादन बेच सकेगा और उसे ज्यादा दाम देने वालों को उत्पाद बेचने की आजादी मिली हैं.

दूसरा:- वन नेशन, वन मार्केट की दिशा में भारत आगे बढ़ेगा और इसके लिए कानून बनेगा.

तीसरा:- ज्यादा कीमतों के गारंटी पर एक निर्णय हुआ और अगर कोई निर्यातक है, कोई प्रोसेसर है, कोई दूसरे पदार्थों का उत्पादक है तो उसको कृषि उपज आपसी समझौते के तहत बेचने की सुविधा दी गई है तो इससे सप्लाई चेन खड़ी होगी और भारत में पहली बार ऐसा कदम उठाया गया है.

चौथा :- वाणिज्य और उद्योग जगत के लिए:- हर मंत्रालय में प्रॉजेक्ट डिवेलपमेंट सेल बनेगी. इससे भारत निवेशकों के लिए ज्यादा आकर्षक और अनुकूल देश बनेगा.

पाचवां:- कोलकाता पोर्ट को श्यामा प्रसाद मुखर्जी का नाम दिया जाएगा.

छठा:- फार्मोकोपिया कमिशन की स्थापना का निर्णय हुआ है. फार्मोकोपिया कमिशन होम्योपैथी ऐंड इंडियन मेडिसिन होगी.

केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा हैं कि कृषि को लेकर ऐतिहासिक फैसले लिए गए हैं जिसमें सरकार ने किसानों की 50 वर्षों से चली आ रही मांगों को पूरा किया है और आवश्यक वस्तु अधिनियम, APMC अधिनियम में किसान हितैषी सुधार पर किए गए हैं.

प्रकाश जावड़ेकर ने कहा हैं कि आज कृषि उत्पादन में कोई किल्लत नहीं है, इसलिए ऐसे समय बंधन डालने वाले कानून की जरूरत नहीं थी क्योंकि इस कानून ने निवेश को रोका और इसके कारण निर्यात नहीं बढ़ा रहा था. इसलिए आज सरकार ने इस लटकती तलवार को खत्म कर दिया हैं और अब किसानों को अच्छी कीमत भी मिलेगी. उन्होंने कहा है कि ये बंधन फिर तब लगेगा जब-जब कोई प्राकृतिक आपदा या फिर अत्यधिक महंगाई होगी.

प्रकाश जावड़ेकर ने कहा हैं कि किसान अब कहीं भी अपना उत्पादन बेच सकेगा और अब किसान ज्यादा दाम में अनाज भी बेच सकेगा.

प्रकाश जावड़ेकर ने आगे कहा कि भारत में ज्यादा से ज्यादा निवेश हो इसके लिए एम्पावर्ड ग्रुप ऑफ सेक्रटरीज बनाया गया है और साथ ही हर मंत्रालय में प्रॉजेक्ट डवलपमेंट सेल होगा. इससे कारण भारत में निवेश करना और भी आसान होगा और साथ ही इससे इकॉनोमी को बूस्ट मिलेगा और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे.

कृषि मंत्री के नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा है कि पिछले 6 सालों में लगातार पीएम मोदी की कोशिश है कि कैबिनेट के फैसले के केंद्र में गांव, गरीब और किसान आएं. उन्होंने कहा हैं कि आवश्यक वस्तु अधिनियम में संशोधन, किसान उपज व्यापार वाणिज्य संवर्धन और सरलीकरण अध्यादेश, मूल्य आश्वासन कृषि सवाओं के करार के लिए किसानों का सशक्तिकरण और संरक्षण अध्यादेश लाए गए हैं. कृषि के क्षेत्र के लिए आज ऐतिहासिक दिन है.

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